नीलगिरी में स्थानीय निकायों में व्याप्त भ्रष्टाचार को रोकने के लिए कॉन्फेडरेशन ऑफ एनवायरनमेंट एसोसिएशन्स ऑफ नीलगिरी (CEAN) ने सरकार से अधिक जांच और संतुलन स्थापित करने की अपील की है। यह अपील हाल ही में कूनूर नगर पालिका आयुक्त, एम. इलमपारिथि की DVAC पुलिस द्वारा की गई गिरफ्तारी के बाद की गई है।
CEAN की ओर से यह मांग सेवानिवृत्त IAS अधिकारी और संगठन के अध्यक्ष एवं समन्वयक, सुरजीत के. चौधरी द्वारा कलेक्टर के समक्ष रखी गई। संगठन ने एक पत्र के माध्यम से जिला प्रशासन का ध्यान इस गंभीर मुद्दे की ओर आकर्षित किया है, जिसमें भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के लिए एक बहु-स्तरीय निगरानी प्रणाली की तत्काल आवश्यकता पर जोर दिया गया है।
पत्र में कहा गया है कि कूनूर और कोटागिरी नगर पालिकाओं में भ्रष्टाचार और गलत कार्यों की कई सार्वजनिक शिकायतें थीं, विशेष रूप से आयुक्त के नेतृत्व में अनधिकृत भवनों के निर्माण की अनुमति देने के संबंध में। संगठन ने दावा किया कि इस मुद्दे को अनौपचारिक रूप से वरिष्ठ अधिकारियों के संज्ञान में भी लाया गया था।
सरकार से तत्काल हस्तक्षेप की मांग
कॉन्फेडरेशन ऑफ एनवायरनमेंट एसोसिएशन्स ऑफ नीलगिरी (CEAN) ने नीलगिरी की नगर पालिकाओं और स्थानीय निकायों में भ्रष्टाचार को रोकने के लिए एक मजबूत प्रणाली बनाने का आग्रह किया है। संगठन ने कलेक्टर को सौंपे एक पत्र में कहा है कि कई नगर आयुक्त, नगर पंचायतों के कार्यकारी अधिकारी और पंचायतों के सचिव जानबूझकर कलेक्टर और AAA समिति के आदेशों के बिना अवैध निर्माण की अनुमति देकर भ्रष्टाचार में लिप्त हैं।
आयुक्त की गिरफ्तारी ने बढ़ाई चिंता
यह अपील कूनूर नगर पालिका आयुक्त, एम. इलमपारिथि की सतर्कता और भ्रष्टाचार निरोधक निदेशालय (DVAC) पुलिस द्वारा हाल ही में हुई गिरफ्तारी के बाद सामने आई है। CEAN के अनुसार, उनके नेतृत्व में अनधिकृत भवनों को अनुमति देने के संबंध में कई शिकायतें मिली थीं। संगठन ने यह भी उल्लेख किया कि इसी तरह की एक घटना पहले कोटागिरी की तत्कालीन तहसीलदार गोमती के साथ भी हो चुकी है।
भ्रष्टाचार रोकने के लिए त्रि-स्तरीय समिति का सुझाव
CEAN के अध्यक्ष सुरजीत के. चौधरी ने भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के लिए एक ठोस योजना का प्रस्ताव दिया है। उन्होंने सुझाव दिया कि ग्राम, नगर और नगरपालिका स्तर पर नामित राजस्व अधिकारियों के नेतृत्व में समितियों का गठन किया जाना चाहिए। इन समितियों का कार्य दिन-प्रतिदिन के आधार पर अनधिकृत निर्माणों की निगरानी करना और उल्लंघन की तुरंत रिपोर्ट करना होगा।
ऑनलाइन प्रणाली और साप्ताहिक समीक्षा पर जोर
प्रस्ताव में कहा गया है कि कलेक्टर की अध्यक्षता में एक जिला-स्तरीय निगरानी समिति को प्रभावी निरीक्षण सुनिश्चित करने के लिए साप्ताहिक समीक्षा करनी चाहिए। चौधरी ने कहा कि इन निर्देशों से किसी भी विचलन या समितियों द्वारा पहचानी नहीं गई सार्वजनिक शिकायतों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए और ऐसे उल्लंघनों को रोकने के लिए अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू की जानी चाहिए। कुशल रिपोर्टिंग और निगरानी का समर्थन करने के लिए एक उपयुक्त ऑनलाइन प्रणाली विकसित करने का भी सुझाव दिया गया है।
हाल ही में एक वरिष्ठ अधिकारी की गिरफ्तारी के बाद, पर्यावरण संगठन CEAN ने नीलगिरी जिले में भ्रष्टाचार और अनधिकृत निर्माण को रोकने के लिए सरकार से तत्काल एक सख्त और पारदर्शी निगरानी तंत्र स्थापित करने की मांग की है।
FAQs
CEAN ने सरकार से क्या अपील की है?
CEAN ने नीलगिरी की नगर पालिकाओं और स्थानीय निकायों में भ्रष्टाचार को रोकने के लिए अधिक प्रभावी जांच और संतुलन प्रणाली स्थापित करने की अपील की है।
यह अपील किस घटना के बाद की गई?
यह अपील कूनूर नगर पालिका आयुक्त, एम. इलमपारिथि की DVAC पुलिस द्वारा भ्रष्टाचार के आरोपों में गिरफ्तारी के बाद की गई है।
CEAN ने भ्रष्टाचार रोकने के लिए क्या मुख्य सुझाव दिए हैं?
CEAN ने गांव, शहर और नगरपालिका स्तर पर निगरानी समितियों का गठन, जिला कलेक्टर द्वारा साप्ताहिक समीक्षा और रिपोर्टिंग के लिए एक ऑनलाइन प्रणाली विकसित करने का सुझाव दिया है।
CEAN की ओर से यह अपील किसने की?
यह अपील CEAN के अध्यक्ष और समन्वयक, सेवानिवृत्त IAS अधिकारी सुरजीत के. चौधरी ने की है।
किन क्षेत्रों में अनधिकृत निर्माण की शिकायतें प्रमुख थीं?
शिकायतें मुख्य रूप से कूनूर और कोटागिरी नगर पालिकाओं में अनधिकृत भवनों के निर्माण की अनुमति देने से संबंधित थीं।
यह जानकारी केवल सामान्य जन-जागरूकता के उद्देश्य से प्रकाशित की गई है।


