चीन की सेना में हालिया उथल-पुथल ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ध्यान आकर्षित किया है, जिसमें कई शीर्ष अधिकारियों को उनके पदों से हटा दिया गया है। इन घटनाओं में रक्षा मंत्री ली शांगफू की बर्खास्तगी और पीपल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) रॉकेट फोर्स के नेतृत्व में बड़े बदलाव शामिल हैं। यह घटनाक्रम राष्ट्रपति शी जिनपिंग के नेतृत्व में चल रहे एक व्यापक भ्रष्टाचार विरोधी अभियान का हिस्सा माना जा रहा है।
अगस्त 2023 में सार्वजनिक जीवन से गायब होने के बाद, रक्षा मंत्री ली शांगफू को अक्टूबर में औपचारिक रूप से उनके पद से हटा दिया गया। उनकी बर्खास्तगी से पहले, चीनी सरकार ने सेना के उपकरण खरीद विभाग में भ्रष्टाचार को लेकर एक जांच शुरू की थी, जिसका नेतृत्व ली शांगफू ने 2017 से 2022 तक किया था।
इसी तरह, पीएलए रॉकेट फोर्स, जो चीन के परमाणु और पारंपरिक मिसाइल शस्त्रागार की देखरेख करती है, में भी नेतृत्व स्तर पर बड़े फेरबदल हुए हैं। इसके कमांडर और डिप्टी कमांडर सहित कई वरिष्ठ जनरलों को अचानक बदल दिया गया। इन कार्रवाइयों ने चीन की सैन्य कमान संरचना और राजनीतिक स्थिरता के बारे में महत्वपूर्ण सवाल उठाए हैं।
यह घटनाक्रम चीन की कम्युनिस्ट पार्टी के भीतर चल रही आंतरिक गतिशीलता को दर्शाता है, जहाँ शी जिनपिंग ने सत्ता पर अपनी पकड़ मजबूत करने और भ्रष्टाचार को खत्म करने के लिए कड़े कदम उठाए हैं।
प्रमुख अधिकारियों की बर्खास्तगी
चीन के रक्षा मंत्री ली शांगफू को अक्टूबर 2023 में आधिकारिक तौर पर पद से हटा दिया गया। वह लगभग दो महीने पहले अगस्त 2023 से सार्वजनिक रूप से नहीं देखे गए थे। उनकी बर्खास्तगी का कोई आधिकारिक कारण नहीं बताया गया, लेकिन यह उस जांच के बाद हुई जो सेना के उपकरण विकास विभाग में भ्रष्टाचार से संबंधित थी। ली शांगफू 2017 से 2022 तक इस विभाग के प्रमुख थे। दिसंबर 2023 में, एडमिरल डोंग जुन को चीन का नया रक्षा मंत्री नियुक्त किया गया।
पीएलए रॉकेट फोर्स में फेरबदल
जुलाई 2023 में, पीएलए रॉकेट फोर्स के कमांडर जनरल ली युचाओ और उनके डिप्टी को बिना किसी स्पष्टीकरण के उनके पदों से हटा दिया गया। यह फोर्स चीन की परमाणु मिसाइलों के प्रबंधन के लिए जिम्मेदार है और इसे सेना का एक महत्वपूर्ण अंग माना जाता है। बाद में, रॉकेट फोर्स से जुड़े कई अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को भी चीन की शीर्ष विधायी और सलाहकार संस्थाओं से हटा दिया गया।
शी जिनपिंग का भ्रष्टाचार विरोधी अभियान
2012 में सत्ता में आने के बाद से, राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने एक व्यापक भ्रष्टाचार विरोधी अभियान चलाया है। इस अभियान ने कम्युनिस्ट पार्टी, सरकार और सेना के सभी स्तरों पर लाखों अधिकारियों को लक्षित किया है। इस अभियान का घोषित उद्देश्य पार्टी की छवि को साफ करना और शासन में अनुशासन सुनिश्चित करना है। हालिया सैन्य फेरबदल को इसी लंबे समय से चल रहे अभियान की एक कड़ी के रूप में देखा जा रहा है।
व्यापक राजनीतिक घटनाक्रम
सेना में हुए इन बदलावों के अलावा, चीन के राजनीतिक क्षेत्र में भी उथल-पुथल देखी गई है। पूर्व विदेश मंत्री छिन कांग को भी जुलाई 2023 में रहस्यमय परिस्थितियों में उनके पद से हटा दिया गया था। वह भी पद से हटाए जाने से पहले एक महीने तक सार्वजनिक रूप से नहीं दिखे थे। इन घटनाओं से यह संकेत मिलता है कि यह अनुशासनात्मक कार्रवाई केवल सैन्य क्षेत्र तक ही सीमित नहीं है।
हाल के महीनों में चीन के सैन्य और राजनीतिक नेतृत्व में कई महत्वपूर्ण बदलाव देखे गए हैं, जिनमें रक्षा मंत्री और रॉकेट फोर्स के शीर्ष कमांडरों की बर्खास्तगी शामिल है। ये सभी कार्रवाइयां राष्ट्रपति शी जिनपिंग के नेतृत्व में चल रहे भ्रष्टाचार विरोधी अभियान और सत्ता के केंद्रीकरण की प्रक्रिया का हिस्सा हैं, जिसका उद्देश्य कम्युनिस्ट पार्टी के अनुशासन को मजबूत करना है।
FAQs
चीन के रक्षा मंत्री ली शांगफू को क्यों हटाया गया?
ली शांगफू को अक्टूबर 2023 में आधिकारिक तौर पर पद से हटा दिया गया था। हालांकि कोई आधिकारिक कारण नहीं दिया गया, लेकिन उनकी बर्खास्तगी सेना के उपकरण खरीद विभाग में भ्रष्टाचार की जांच से जुड़ी हुई है, जिसके वे पहले प्रमुख थे।
पीएलए रॉकेट फोर्स क्या है?
पीएलए रॉकेट फोर्स चीनी सेना की वह शाखा है जो देश के पारंपरिक और परमाणु मिसाइलों के पूरे शस्त्रागार के प्रबंधन और संचालन के लिए जिम्मेदार है।
क्या यह फेरबदल केवल सेना तक ही सीमित है?
नहीं, यह फेरबदल केवल सेना तक सीमित नहीं है। चीन के पूर्व विदेश मंत्री छिन कांग को भी इसी अवधि के दौरान अचानक उनके पद से हटा दिया गया था, जो एक व्यापक अनुशासनात्मक कार्रवाई का संकेत देता है।
इन बदलावों का नेतृत्व कौन कर रहा है?
ये सभी बदलाव और जांच राष्ट्रपति शी जिनपिंग के नेतृत्व में चल रहे एक बड़े भ्रष्टाचार विरोधी अभियान का हिस्सा हैं, जो उन्होंने 2012 में सत्ता संभालने के बाद शुरू किया था।
ली शांगफू के बाद नए रक्षा मंत्री कौन हैं?
ली शांगफू को हटाए जाने के बाद, एडमिरल डोंग जुन को दिसंबर 2023 में चीन का नया रक्षा मंत्री नियुक्त किया गया।
यह जानकारी केवल सामान्य जन-जागरूकता के उद्देश्य से प्रकाशित की गई है।


