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अमेरिकी अंतरिक्ष प्रभुत्व के लिए स्वोर्ड ट्रेनिंग प्लेटफॉर्म अहम: प्रोग्राम हेड

अमेरिकी स्पेस फोर्स अपने स्पेस वॉरफाइटर ऑपरेशनल रेडीनेस डोमेन, यानी स्वॉर्ड (SWORD) कार्यक्रम को अंतरिक्ष में अपनी श्रेष्ठता बनाए रखने के लिए एक मुख्य आधार के रूप में स्थापित कर रहा है। यह कदम ऐसे समय में उठाया जा रहा है जब अंतरिक्ष एक तेजी से प्रतिस्पर्धी क्षेत्र बनता जा रहा है, जहाँ विभिन्न देशों की गतिविधियाँ बढ़ रही हैं। स्वॉर्ड एक उन्नत डिजिटल प्रशिक्षण प्लेटफॉर्म है जो स्पेस फोर्स के कर्मियों, जिन्हें ‘गार्डियंस’ कहा जाता है, को वास्तविक जैसी अंतरिक्ष चुनौतियों के लिए तैयार करता है।

यह कार्यक्रम विशेष रूप से एक डिजिटल वातावरण बनाने पर केंद्रित है जहाँ अंतरिक्ष अभियानों का अनुकरण किया जा सके। कैलिफोर्निया के लॉस एंजिल्स में आयोजित स्पेस इंडस्ट्री डेज के दौरान, ऑपरेशनल टेस्ट एंड ट्रेनिंग इंफ्रास्ट्रक्चर के प्रोग्राम एग्जीक्यूटिव ऑफिसर कर्नल कोरी क्लोपस्टीन ने इस प्लेटफॉर्म के यथार्थवाद और तैयारी पर जोर दिया। उन्होंने बताया कि इसका उद्देश्य गार्डियंस को किसी भी स्थिति के लिए पूरी तरह से तैयार करना है।

स्वॉर्ड को क्लाउड-आधारित डिजिटल सिमुलेशन प्लेटफॉर्म के रूप में विकसित किया गया है। यह स्पेस फोर्स के जवानों को वास्तविक ऑन-ऑर्बिट संपत्तियों या केंद्रीय सुविधाओं पर निर्भर हुए बिना यथार्थवादी परिदृश्यों में प्रशिक्षित होने की अनुमति देता है। इस प्लेटफॉर्म का प्रदर्शन ‘स्पेस फ्लैग’ जैसे बड़े पैमाने के अभ्यासों में किया जा चुका है, जहाँ इसने सैकड़ों गार्डियंस को यथार्थवादी प्रशिक्षण में सहायता प्रदान की है। अब इसे और बड़े पैमाने पर उपयोग के लिए तैयार किया जा रहा है।

स्वॉर्ड प्लेटफॉर्म की कार्यप्रणाली

स्वॉर्ड, स्पेस फोर्स का प्राथमिक सिंथेटिक प्रशिक्षण वातावरण है। यह एक क्लाउड-सक्षम, डिजिटल सिमुलेशन प्लेटफॉर्म है जिसे प्रतिस्पर्धी अंतरिक्ष अभियानों की नकल करने के लिए डिज़ाइन किया गया है। इसमें ऑर्बिटल डायनेमिक्स, इलेक्ट्रॉनिक युद्ध, साइबर प्रभाव और दुश्मन की रणनीति जैसे पहलू शामिल हैं। यह प्लेटफॉर्म गार्डियंस को लाइव सैटेलाइट्स का उपयोग किए बिना जटिल और खतरनाक परिदृश्यों का अभ्यास करने का अवसर देता है। इससे न केवल लागत बचती है, बल्कि वास्तविक संपत्तियों को जोखिम में डाले बिना प्रशिक्षण संभव हो पाता है।

उच्चतम यथार्थवाद पर जोर

कर्नल क्लोपस्टीन ने बताया कि स्वॉर्ड को उच्चतम संभव यथार्थवाद और अनुकूलनशीलता प्रदान करने के लिए विकसित किया जा रहा है। उन्होंने कहा, “हमारा इरादा स्वॉर्ड को यथासंभव यथार्थवादी बनाना है और इसकी सटीकता को बढ़ाना है।” इस यथार्थवाद को कठोर सत्यापन के माध्यम से प्राप्त किया जाता है। स्वॉर्ड प्रशिक्षण वातावरण में डिजिटल मॉडल को हार्डवेयर-इन-द-लूप सुविधाओं (सिमुलेटेड वातावरण में वास्तविक घटकों को एकीकृत करना) और लाइव ऑन-ऑर्बिट संपत्तियों के खिलाफ क्रॉस-चेक करके लगातार अपडेट और परिष्कृत किया जाता है। कर्नल ने जोर देकर कहा कि स्पेस फोर्स अकेले सिंथेटिक डेटा पर भरोसा नहीं कर सकता, इसलिए वास्तविक दुनिया के डेटा के साथ निरंतर मिलान आवश्यक है।

बदलते खतरों का त्वरित एकीकरण

अंतरिक्ष में दुश्मन की रणनीति तेजी से विकसित हो रही है, इसलिए गति भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। ऑपरेशनल टेस्ट एंड ट्रेनिंग इंफ्रास्ट्रक्चर स्वॉर्ड में नए खतरों के तेजी से एकीकरण को प्राथमिकता दे रहा है। कर्नल क्लोपस्टीन ने खुफिया एजेंसियों और नेशनल स्पेस इंटेलिजेंस सेंटर (NSIC) के साथ घनिष्ठ समन्वय पर प्रकाश डाला ताकि दुश्मन के खतरों के अनुकरण को समय पर अपडेट किया जा सके। उन्होंने कहा कि नवीनतम जानकारी का उपयोग करके स्वॉर्ड में दुश्मन के खतरों के अनुकरण को अपडेट किया जाता है, ताकि अधिकतम सटीकता सुनिश्चित की जा सके।

भविष्य की योजना और पहुँच

इस कार्यक्रम का दीर्घकालिक दृष्टिकोण एंटरप्राइज-वाइड एक्सेस प्रदान करना है, जिसके लिए स्वॉर्ड को क्लाउड-आधारित बुनियादी ढांचे में स्थानांतरित किया जा रहा है। इसका लक्ष्य यह है कि गार्डियंस केंद्रीय सुविधाओं के बजाय अपने घरेलू स्टेशनों से ही यथार्थवादी, वितरित प्रशिक्षण ले सकें। कर्नल क्लोपस्टीन ने इसे “बैकयार्ड रेंज” बनाने का लक्ष्य बताया, जहाँ गार्डियंस अपने होम स्टेशन से प्रशिक्षण ले सकते हैं। इस कार्यक्रम को 10-12 महीने के एजाइल अधिग्रहण चक्रों द्वारा समर्थन दिया जा रहा है और वित्तीय वर्ष 2027 के लिए एक क्लाउड पाथफाइंडर की योजना है।

संक्षेप में, अमेरिकी स्पेस फोर्स का स्वॉर्ड कार्यक्रम एक उन्नत डिजिटल सिमुलेशन प्लेटफॉर्म के माध्यम से अपने कर्मियों की तैयारी बढ़ा रहा है। इसका उद्देश्य अंतरिक्ष के चुनौतीपूर्ण और प्रतिस्पर्धी वातावरण में अपनी बढ़त बनाए रखने के लिए यथार्थवादी, अनुकूलनीय और सुलभ प्रशिक्षण प्रदान करना है।

FAQs

स्वॉर्ड का पूरा नाम क्या है?

स्वॉर्ड का पूरा नाम स्पेस वॉरफाइटर ऑपरेशनल रेडीनेस डोमेन (Space Warfighter Operational Readiness Domain) है। यह अमेरिकी स्पेस फोर्स का एक प्रमुख प्रशिक्षण कार्यक्रम है।

यह प्लेटफॉर्म किस लिए डिज़ाइन किया गया है?

यह प्लेटफॉर्म स्पेस फोर्स के कर्मियों, जिन्हें गार्डियंस कहा जाता है, को प्रतिस्पर्धी अंतरिक्ष अभियानों के लिए एक यथार्थवादी डिजिटल वातावरण में प्रशिक्षित करने के लिए डिज़ाइन किया गया है।

स्वॉर्ड की यथार्थता कैसे सुनिश्चित की जाती है?

स्वॉर्ड में डिजिटल मॉडल को वास्तविक हार्डवेयर और लाइव ऑन-ऑर्बिट संपत्तियों के डेटा के साथ लगातार क्रॉस-चेक और अपडेट करके इसकी यथार्थता सुनिश्चित की जाती है।

स्वॉर्ड का दीर्घकालिक लक्ष्य क्या है?

स्वॉर्ड का दीर्घकालिक लक्ष्य क्लाउड-आधारित बुनियादी ढाँचा बनाना है ताकि गार्डियंस अपने होम स्टेशन से कहीं से भी वितरित प्रशिक्षण प्राप्त कर सकें।

इस कार्यक्रम के बारे में किसने जानकारी दी?

इस कार्यक्रम के बारे में कर्नल कोरी क्लोपस्टीन ने जानकारी दी, जो ऑपरेशनल टेस्ट एंड ट्रेनिंग इंफ्रास्ट्रक्चर के प्रोग्राम एग्जीक्यूटिव ऑफिसर और सिस्टम डेल्टा 81 के कमांडर हैं।

यह जानकारी केवल सामान्य जन-जागरूकता के उद्देश्य से प्रकाशित की गई है।

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